ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के विरोध में उग्र हुए किसान, 500 ट्रैक्टरों के साथ चौमूं कूच

Spread the love

भारतमाला परियोजना रद्द करने की मांग, कृषि भूमि अधिग्रहण और पर्यावरणीय प्रभाव पर उठाए सवाल

जयपुर | 27 जुलाई 2026 राजस्थान में किशनगढ़–कोटपूतली ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे और भरतपुर–ब्यावर भारतमाला परियोजना के विरोध में किसानों का आंदोलन सोमवार को तेज हो गया। रींगस–गोविंदगढ़ मार्ग पर तातेड़ा मोड़ के पास बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के साथ एकत्र हुए और परियोजनाओं के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।

किसान महापंचायत के नेतृत्व में जुटे किसानों ने चौमूं की ओर कूच की तैयारी की। रैली में आसपास के गांवों और विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में किसानों के शामिल होने का दावा किया गया। प्रशासन ने संभावित भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और यातायात के विशेष इंतजाम किए।

किसानों का कहना है कि प्रस्तावित एक्सप्रेसवे और भारतमाला परियोजना के कारण बड़ी मात्रा में कृषि भूमि का अधिग्रहण होगा, जिससे हजारों किसान परिवारों की आजीविका प्रभावित हो सकती है। उनका यह भी आरोप है कि इन परियोजनाओं से ग्रामीण क्षेत्रों के सामाजिक और पर्यावरणीय संतुलन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।

किसान महापंचायत ने राज्य सरकार से दोनों परियोजनाओं को वापस लेने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है। साथ ही परियोजनाओं की उपयोगिता और जनहित को लेकर खुली बहस कराने की चुनौती भी दी है।

फिलहाल आंदोलन जारी है और किसानों ने चेतावनी दी है कि मांगें नहीं मानी गईं तो विरोध प्रदर्शन को और व्यापक बनाया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *